
रायगढ़…बीते छह महीनों से पानी की समस्या को लेकर परेशान हो रहे वार्ड नं 30 के रहवासियों का गुस्सा आज फिर फूटा।शहर सरकार और निगम प्रशासन के निकम्मेपन से त्रस्त लोगों ने आज मिनी माता चौक में पार्षद पति मुक्तिनाथ बबुआ के साथ आकर रोड जाम कर दिया।देखते ही देखते वहां लोगों की भीड़ इकट्ठी होने लगी और सैकड़ों लोग आंदोलन से जुड़ने लगे।खबर मिलते ही पूर्व विधायक विजय अग्रवाल,भाजपा जिलाध्यक्ष उमेश अग्रवाल,गुरुपाल भल्ला,विकास केडिया,दिवेश सोलंकी सहित तमाम भाजपा नेता आंदोलन स्थल पर पहुंच गए।और रायगढ़ विधायक मुर्दाबाद,महापौर मुर्दाबाद के नारे लगाना शुरू कर दिया।

बता दें की तकरीबन बीस दिन पहले भी यहां के निवासियों ने निगम में तालाबंदी कर पानी के लिए आंदोलन किया था।किंतु उस वक्त आयुक्त ने एक सप्ताह में समस्या से निजात दिलाने का आश्वासन दिया था।जिसके बाद आंदोलन खत्म कर दिया गया था।लेकिन बीस दिन बीत जाने के बाद भी इस क्षेत्र में समस्या जस की तस बनी हुई है।पिछले तीन दिनों से सही ढंग से पानी नहीं मिलने के बाद आज मोहल्लेवासी फिर से सड़क पर उतर गए।

आयुक्त और महापौर ने मांगा तीन दिन का समय…
महापौर जानकी काटजू और आयुक्त धरनास्थल पर पहुंचकर लोगों से बात किए और समस्या को तीन दिन में ठीक करने का आश्वासन दिया।उसके बाद ही लोगों ने चक्काजाम समाप्त किया।

ऋषि राठौर को बर्खास्त करने की मांग…
चक्काजाम में बैठे लोगों के द्वारा निगमकर्मी ऋषि राठौर को बर्खास्त करने के लिए जमकर नारेबाजी किया गया।उनका कहना है की अमृत मिशन योजना तकरीबन 200 करोड़ रुपए की है। और निगम प्रशासन ने इस योजना को क्रियान्वित करने के लिए 200 रुपए खर्च कर दिए लेकिन अमृत मिशन का पानी

लोगों के घर तक पहुंचा नही सके।जबकि कहा गया था की अमृत मिशन के जरिए 24 घंटे पानी दिया जाएगा।लेकिन निगम एक घंटे भी पानी देने में असमर्थ रही है।चक्काजाम में बैठे लोगों ने आरोप लगाया की इस योजना के जरिए निगम प्रशासन ने 200 करोड़ का घोटाला किया है।और इसके लिए ऋषि राठौर पूरी तरह से जिम्मेवार है।इसलिए उसे तत्काल बर्खास्त किया जाए।





