
रायगढ़/जन्माष्टमी के नाम पर शहर में लगें दो मीना बाजार को लेकर लोगों में भारी अक्रोश हैं छत्तीसगढ़ में मकींपाक्स कोरोना स्वाइन फ्लू डेगूं मलेरिया के व्यापक असर के बाद भी प्रशासन व्दारा अनुमति दिये जाने को लेकर सवाल उठ रहें हैं सरकार कई बार इस बात को लेकर चिंता जाहीर कर चुकी हैं की इन महामारियों से बचने के लिये भीड़ भाड़ वाले अयोजनो को अनुमति नहीं दी जायें लेकिन नगर निगम व प्रशासन ने अपनी आमदनी के लिये मीना बाजार के संचालन की अनुमति देकर जन स्वास्थ्य के साथ खुला खिलवाड़ किया हैं जिस जगह पर ये मीना बाजार लगाये गये वही सरकारी शराब भट्ठी हैं जहां रात दिन पीने वाले असमाजिक तत्वो का भारी जमावडा़ रहता हें जो मीना बाजार देखने आने वालों के साथ जबरन हुज्जत बाजी व महिलाओ से छेड़छाड़ करते हैं जिस से कभी भी कोई अप्रिय स्थिती निर्मित हो सकती हैं बताया जाता हैं की मीना बाजार संचालक के दबाव में निगम ने नियमों की अनदेखी कर अवैधानिक तरीकें से अनुमति प्रदान की हैं जिस जमीन पर ये आयोजन किया गया हैं वह निजी भूमि हैं जिसे करीब 10 लाख रुपये के माहवारी रेंट पर लिये जाने की बात सामने आ रही हैं।

बता दें कि जिस निजी भूमि पर दोनों मीना बाजार को लगाया गया है उस भूमि का भूस्वामी द्वारा डायवर्सन तक नहीं कराया गया हैं। ऐसे में अब बिना डायवर्शन के निजी भूमि के कमर्शियल उपयोग को लेकर भी आम जनता सवाल उठा रही है साथ ही कृषि भूमी का इस तरह व्यवासायिक अयोजन की अनुमति

देना न केवल गैर कानूनी हैं बल्की खुला भ्रष्टृाचार भी हैं कहा जा रहा हैं की मीना बाजार के संचालन को दी गयी इस अनलिंगल परमिशन के लिये निगम के जिम्मेदार अधिकारियों ने लाखों रुपये की मोटी रकम वसूल की हैं और जिला प्रशासन के अधिकारियों को खुश करने के लिये थोक भाव में फ्री पास बांटे हैं इतना सब गुंताडा़ किये जाने के बावजूद लोगों की जान के साथ खिलवाड़ भी किया जा रहा हैं मीना बाजार में लोगो के मनोरंजन के नाम पर जो झूले लगायें गये हैं वे कई साल पुराने व जर्जर हो चुके हैं जिन्हें रंग रोगन कर चमाकाया गया हैं जिससे कभी भी कोई जानलेवा हादसा हो सकता हैं इस तरह खुले आम लोगों की जान की कीमत पर मीनाबाजार के संचालन को शहर की कुछ संस्थाओ ने काफी गंभीरता से लिया हैं और कलेक्टर ,SP व कमीश्नर से तुरंत मीना बाजार
को बंद कराने व अनुमति दिये जाने के गोरख धंधे की हाई लेबल जांच करायें जाने की मांग की हैं यदि निगम व्दारा अनुमति रद्द नहीं की गयी तो मीना बाजार के बाहर गेट पर चक्का जाम किये जाने की चेतावनी दी गयी हैं जनहित में दोनो मीनाबाजार के संचालन को बंद किया जाना निहायत जरुरी व आवश्यक हैं जिस पर तत्काल कार्यवाही किये जाने की जरुरत हैं।





